WhatsApp पर मिलेगा PF बैलेंस और क्लेम स्टेटस, जानें कैसे काम करेगी नई सुविधा
PF Balance Check
हैदराबाद: PF Balance Check: कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने अपने करोड़ों अंशधारकों को बड़ी राहत देते हुए एक नई व्हाट्सएप हेल्पलाइन सेवा की शुरुआत करने जा रही है. इस 24 घंटे चालू रहने वाली सुविधा के जरिए अब पीएफ खाताधारक घर बैठे बेहद आसान तरीके से अपने खाते से जुड़ी जानकारियां हासिल कर सकते हैं. इसके लिए यूजर्स को केवल ईपीएफओ के आधिकारिक व्हाट्सएप नंबर पर 'Hello' लिखकर भेजना होगा.
व्हाट्सएप पर मिलेंगी ये जरूरी सुविधाएं
- पीएफ बैलेंस चेक करना: सदस्य बिना किसी भाग-दौड़ के तुरंत अपना कुल पीएफ बैलेंस देख सकेंगे.
- लास्ट 5 ट्रांजैक्शन: खाते में जमा या निकाले गए पिछले 5 लेन-देन की पूरी जानकारी व्हाट्सएप चैट पर मिल जाएगी.
- क्लेम स्टेटस ट्रैक करना: यदि आपने पीएफ निकालने या ट्रांसफर करने के लिए आवेदन किया है, तो उसकी वास्तविक स्थिति रियल-टाइम में पता चलेगी.
- PMVBRY सहायता: जिन सदस्यों के आधार ऑथेंटिकेशन या डीबीटी (DBT) लिंक में कोई समस्या है, उन्हें व्हाट्सएप पर ही इसका समाधान मिलेगा.
सुरक्षा और स्थानीय भाषा का खास ध्यान
ईपीएफओ ने स्पष्ट किया है कि यह संचार पूरी तरह सुरक्षित होगा. सदस्यों को केवल 'ग्रीन टिक' वाले ईपीएफओ के आधिकारिक बिजनेस अकाउंट पर ही मैसेज करना चाहिए. फ्रॉड से बचने के लिए संगठन कभी भी व्हाट्सएप पर आपका पासवर्ड, यूएएन (UAN) पिन या ओटीपी (OTP) नहीं मांगेगा. इसके अलावा, यह सेवा पूरी तरह से बहुभाषी होगी. सदस्य अपनी सुविधा के अनुसार स्थानीय और क्षेत्रीय भाषाओं में बातचीत कर सकेंगे.
अदालती मामलों और शिकायतों के निपटारे में रिकॉर्ड गिरावट
व्हाट्सएप सेवा शुरू करने के साथ-साथ ईपीएफओ ने अपने कानूनी मामलों और लंबित शिकायतों को निपटाने में भी बड़ी सफलता हासिल की है. श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के अनुसार, ईपीएफओ के इतिहास में लंबित मुकदमों की संख्या अब तक के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई है.
'निधि आपके निकट' कार्यक्रम और विशेष अभियानों के तहत
कुल लंबित अदालती मामले 1 अप्रैल 2025 को 31,036 थे, जो 1 अप्रैल 2026 तक घटकर 27,639 रह गए हैं.
- उपभोक्ता अदालतों में लंबित मामले 4,936 से घटकर महज 2,646 बचे हैं.
- 10 साल से पुराने गंभीर विवादों में लगभग 45.4 प्रतिशत की भारी कमी आई है.
ईपीएफओ के इस डिजिटल कदम से अब अंशधारकों को पीएफ दफ्तरों या कॉल सेंटरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे और सभी जरूरी सुविधाएं सीधे उनके मोबाइल स्क्रीन पर उपलब्ध होंगी.